ज्योति बब्बर – सनातन धर्म में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के दिन रखा जाने वाला व्रत अत्यंत पुण्यदायक माना गया है। इसे व्रतों का राजा और महाव्रत भी कहा जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह व्रत भाद्रपद मास की अष्टमी तिथि को मनाया जाता है और मान्यता है कि विधिपूर्वक यह व्रत रखने से सभी दुखों का नाश होता है और जीवन में सुख, शांति व सौभाग्य की प्राप्ति होती है।
यदि आप इस वर्ष जन्माष्टमी व्रत 2025 रखने जा रहे हैं, तो इन 10 प्रमुख नियमों और बातों को जरूर ध्यान में रखें:
1. व्रत का संकल्प अवश्य लें: सुबह स्नान-ध्यान के बाद भगवान श्रीकृष्ण की कृपा पाने के लिए विधिपूर्वक व्रत का संकल्प लें।
2. फलाहार करें, अन्न और सादा नमक से परहेज: इस व्रत में अन्न, अनाज और सादा नमक का सेवन वर्जित है। आप फल, दूध, मखाना आदि का सेवन कर सकते हैं। यह नियम बुजुर्गों और बीमारों पर लागू नहीं होता।
3. ब्रह्मचर्य का पालन करें: इस दिन तन-मन की पवित्रता बनाए रखें और ब्रह्मचर्य का पालन करें।
4. दिन में न सोएं: जन्माष्टमी व्रत रखने वालों को दिन में सोने से बचना चाहिए। यह व्रत की शुद्धता में बाधा मानी जाती है।
5. रात्रि 12 बजे करें श्रीकृष्ण पूजन: भगवान श्रीकृष्ण का जन्म रात्रि 12 बजे हुआ था, अतः उसी समय पूजन करना सर्वश्रेष्ठ और पुण्यकारी माना गया है।
6. भोग लगाते समय ध्यान रखें प्रिय-अप्रिय वस्तुएं: श्रीकृष्ण को भोग लगाते समय उनकी पसंद-नापसंद का ध्यान रखें।
7. भोग में तुलसी दल अवश्य शामिल करें: श्रीकृष्ण को अर्पित किया गया भोग तुलसी के बिना अधूरा माना जाता है।
8. भजन-कीर्तन करें, पूजन के बाद तुरंत न सोएं: पूजा के बाद कुछ समय तक भगवान के भजन-कीर्तन करें। इससे सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक लाभ मिलता है।
9. श्रीकृष्ण कथा और भजन सुनना भी पुण्यदायी: अगर आप स्वयं भजन नहीं कर सकते, तो उनके जीवन से जुड़ी कथाएं और भजन सुनें।
10. अष्टमी तिथि के समापन पर करें व्रत पारण: व्रत का पारण तभी करें जब अष्टमी तिथि समाप्त हो जाए। इससे व्रत पूर्ण फलदायी होता है।
जन्माष्टमी 2025 का व्रत रखने से पहले जान लें ये 10 जरूरी बातें, मिलेगा श्री कृष्ण का आशीर्वाद –
Before keeping the fast of janmashtami 2025, know these 10 important things, you will get the blessings of shri krishna