कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया है कि कई मुद्दों पर उनके विचार पार्टी से मेल नहीं खाते। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इन मतभेदों पर वह पार्टी के भीतर चर्चा करेंगे, न कि सार्वजनिक मंच पर। थरूर और कांग्रेस के बीच बढ़ती दूरी पिछले कुछ समय से लगातार महसूस की जा रही है।
हाल ही में केंद्र सरकार ने शशि थरूर को अमेरिका यात्रा पर जा रहे भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेता नियुक्त किया था। इस पर कांग्रेस के कुछ नेताओं ने नाराजगी जताई, यह कहते हुए कि थरूर का नाम कांग्रेस की ओर से नहीं भेजा गया था। इस दौरान थरूर ऐसे सरकारी प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा बने, जब कांग्रेस भारत-पाक संघर्ष और विदेश नीति को लेकर सरकार से सवाल कर रही थी।
थरूर ने कहा, मैं 16 सालों से कांग्रेस में काम कर रहा हूं। पार्टी के साथ कुछ मतभेद हैं, जिन पर मैं पार्टी के अंदर ही बात करूंगा। आज इस पर कुछ नहीं कहना चाहता। जब वक्त आएगा, तो खुलकर बात करूंगा।
उन्होंने आगे कहा कि, जब देश के हित की बात होती है, तो हमारी जिम्मेदारी है कि हम देश के साथ खड़े रहें। जब भी भारत को मेरी सेवा की जरूरत होगी, मैं हमेशा तैयार रहूंगा।
शशि थरूर ने समय-समय पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना की है। उन्होंने विदेश मंत्री एस जयशंकर और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के काम की भी खुलकर तारीफ की, जो उनके करीबी दोस्त माने जाते हैं। इससे पार्टी के अंदर नाराजगी भी सामने आई है।
पिछले साल जब थरूर ने पनामा में 2016 और 2019 की सर्जिकल स्ट्राइक का ज़िक्र किया, तो कांग्रेस नेता उदित राज ने उन्हें सुपर बीजेपी प्रवक्ता कहकर निशाना साधा था।
मई 2025 में केरल के विझिनजम इंटरनेशनल पोर्ट के उद्घाटन के मौके पर जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तिरुवनंतपुरम पहुंचे, तो स्थानीय सांसद शशि थरूर ने गर्मजोशी से उनका स्वागत किया। मंच पर मोदी और थरूर ने हाथ मिलाया, और प्रधानमंत्री ने हंसते हुए कहा था आज का यह कार्यक्रम कुछ लोगों की नींद उड़ा देगा।
कांग्रेस से मतभेद पर बोले शशि थरूर, पार्टी से कई मुद्दों पर विचार अलग, समय आने पर करेंगे चर्चा –
Shashi tharoor spoke on differences with congress, views differ on many issues with the party, will discuss when the time comes
