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जानिए लड्डू गोपाल को भोग कब कब लगाना चाहिए। Know when laddu gopal should be offered as bhog

जानिए लड्डू गोपाल को भोग कब कब लगाना चाहिए। Know when laddu gopal should be offered as bhog

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मान्यता है कि श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्‌डू गोपाल की पूजा और सेवा से जीवन की हर मनोकमाना पूरी होती है। अगर आप लड्डू गोपाल के भक्त हैं तो उनकी सेवा के कुड खास नियमों का जरूर पालन करें। लड्डू गोपाल को नियम के साथ समय पर भोग लगाने का बहुत महत्व है। शास्त्रों के अनुसार लड्डू गोपाल को हर दिन सुबह से रात सोने तक चार बार भोग जरूर लगाना चाहिए। आइए जानते हैं लड्डू गोपाल को भोग लगाने का सही समय क्या है।

* चार बार भोग: 

लड्‌डू गोपाल को सुबह से रात तक चार बार भोग लगाने का नियम है। उन्हें हर बार सही समय पर अगल अलग चीजों का भोग लगाना चाहिए और भोग में तुलसी के पत्ते जरूर डालना चाहिए।

* पहले भोग का समय: 

बाल गोपाल को दिन का सबसे पहला भोग सुबह 6 से 7 बजे के बीच लगाना चाहिए। इसके लिए भगवान को घंटी या फिर ताली बजाकर जगाएं। सुबह के पहले भोग में दूध या चाय के साथ सात्विक बिस्कुट चढ़ाया जा सकता है।

* दूसरे भोग का समय: 

प्रभु को दूसरा भोग लगाने से पूर्व स्वयं स्नान जरूर कर लें। इससे प्रभु को स्नान करवाएं और उन्हें वस्त्र पहनाकर उनका श्रृंगार करें। उन्हें तिलक लगाएं। बाल गोपाल को दूसरे भोग में मक्खन और मिश्री या लड्डू का भोग चढ़ाया जा सकता है।

* तीसरा भोग कब लगाएं: 

बाल गोपाल को तीसरा भोग दोपहर में लगाना चाहिए। इस समय अपने लिए बनाए भोजन से ही भगवान को भोग लगाएं। भोग के भोजन में प्याज और लहसुन का उपयोग वर्जित होता है इसका ध्यान रखें। लड्डू गोपाल को भोग लगाने के लिए मीठी पूरी या परांठा भी बना सकते हैं।

* चौथे भोग का समय: 

बाल गोपाल को चौथा भोग शाम को सात से आठ बजे की बीच लगाना चाहिए। इस समय भगवान को घर में बने सात्विक भोजन से भोग चढ़ाएं। इसके लिए भोजन बनते ही भोग को अलग कर लें। प्रभु को सुलाने से पहले दूध का भोग लगाना जरूरी है।

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है।)

 

जानिए लड्डू गोपाल को भोग कब कब लगाना चाहिए।

Know when laddu gopal should be offered as bhog

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